​31 अगस्त और 1 सितम्बर 2017 दो ऐसे दिन हैं, जिसे अल्जीरियन विंगर रियाद माहरेज़ पूरी तरह भूलना चाहेंगे। इन दो तारीखों में लेस्टर सिटी के इस विंगर ने किंग पावर स्टेडियम से अपना मूव फोर्स करने की काफी कोशिशें कीं थीं।

 

रियाद माहरेज़ इन 48 घंटों में अल्जीरिया की नेशनल टीम छोड़कर अपना मूव पूरा करने के लिए यूरोप आये थे और उनके कभी लंदन तो कभी बार्सिलोना में होने की अलग-अलग रिपोर्ट्स आईं थीं। हालांकि अंत में वह अपना मूव पाने में सफल नहीं हो सके।

बार्सिलोना, चेल्सी और मैनचेस्टर यूनाइटेड जैसे सभी टॉप क्लब्स को रियाद माहरेज़ से उस समय में लिंक किया गया था, लेकिन ऐसा नज़र आता है कि किसी भी टीम को उनकी जरूरत नहीं थी और किसी से टीम ने उनके लिए मूव नहीं किया।


फ्रांस की कुछ रिपोर्ट्स ने ट्रांसफर विंडो के दौरान दावा किया था कि होज़े मोरिन्हो को माहरेज़ में इंट्रेस्ट था लेकिन क्लब एग्जीक्यूटिव एड वुडवर्ड का कहना था कि क्लब को रियाद माहरेज़ को साइन करने के बजाए अगले समर तक इंतज़ार करना चाहिए और वह अगले समर गारेथ बेल को साइन करने को लेकर कॉन्फिडेंट बताए गए थे।


लेस्टर सिटी बेस्ड अखबार लेस्टर मरकरी ने बाद में साफ़ किया था कि यूनाइटेड मैनेजर होज़े मोरिन्हो को माहरेज़ को साइन करने में कोई इंट्रेस्ट नहीं था और अल्जीरिया के अखबार एल एक्सप्रेशन ने रिपोर्ट किया है कि माहरेज़ ने मोरिन्हो का स्टांस जानने के बावजूद ओल्ड ट्रैफर्ड मूव करने की काफी कोशिशें की थीं।


अल्जीरियन वेबसाइट का कहना है कि माहरेज़ ने अपने एजेंट को ओल्ड ट्रैफर्ड मूव पूरा करने के लिए लेट पुश करने को कहा था। मैनचेस्टर यूनाइटेड को समर में एक विंगर की जरूरत थी और उनका इवान पेरिसिच में तगड़ा इंट्रेस्ट भी था, लेकिन अंत में पेरिसिच की डील के लिए बात नहीं बन पाई थी।

और माहरेज़ के लेट पुश के बावजूद क्लब ने साफ़ कर दिया कि उन्हें विंगर को साइन करने में इंट्रेस्ट नहीं है। अखबार ने माहरेज़ को उस दोस्त की तरह बताया जो काफी लड़कियों के साथ नाइटआउट करता हैं लेकिन कभी भी क्लाइमैक्स में नहीं पहुंच पाता।


अब माहरेज़ लेस्टर सिटी में जनवरी तक रहेंगें और उम्मीद करेंगे कि उनका किसी बड़े क्लब में मूव जनवरी में जरूर पूरा होगा।