​FT: लेस्टर (ग़ीज़ल 63') 1-2 लिवरपूल (माने 10', फर्मिनो 45')


शनिवार को किंग पावर स्टेडियम में खेले गए प्रीमियर लीग मुकाबले में सादियो माने और रोबर्टो फर्मिनो के गोल्स की मदद से लिवरपूल ने एक संघर्षपूर्ण मुकाबले में लेस्टर सिटी को 2-1 से हराकर सीजन की लगातार चौथी जीत दर्ज की।


1. बरक़रार है लिवरपूल का 100% रिकॉर्ड 

Leicester City v Liverpool FC - Premier League

अगर आप पिच के एक्शन को छोड़कर टचलाइन पर खड़े यर्गन क्लौप्प को देखते तो आपको लगता कि वह हारने वाली टीम के मैनेजर हैं। ऐसा इसलिए क्योंकि क्लौप्प की साइड को किंग पावर में जीत हासिल करने के लिए काफी संघर्ष करना पड़ा।


लिवरपूल ने गेम की शुरुआत शानदार अंदाज़ में की और सादियो माने के गोल की मदद से ओपनिंग 10 मिनट में ही बढ़त बनाई, लेकिन गेम का अंत उन्होंने किसी तरह एक गोल की लीड प्रोटेक्ट करते हुए किया। गेम के अंत में  सादियो माने और रोबर्टो फर्मिनो के गोल्स रेड्स को उनकी चौथी जीत दिलाने के लिए काफी साबित हुए।


लेस्टर ने राशिद गीज़ल की मदद से एक गोल वापस खींचा, लेकिन बराबरी का गोल ढूंढने में नाकाम रहे। प्रीमियर लीग लीडर्स के प्रदर्शन में काफी इनकंसिस्टेंसी थी और फुल-टाइम में लगा कि मानो उन्हें किस्मत का भरपूर साथ मिला है। खैर, चार मुकाबले - 12 पॉइंट्स, अंत में यही मायने रखता है। 


2. क्लौप्प की साइड को इम्प्रूवमेंट की जरूरत 

Leicester City v Liverpool FC - Premier League

चार मुकाबले और चार जीत। यह 1990 के बाद पहला मौका है जब लिवरपूल इंटरनेशनल ब्रेक में पूरे 100% रिकॉर्ड के साथ जा रही है। हालांकि, इस लिवरपूल टीम को सिर्फ पॉइंट्स से जज करना सही नहीं होगा। यह कहा जा सकता है कि अगर लेस्टर ने अपने मौकों का फायदा उठाया या उनकी जगह कोई बेहतर टीम होती तो लिवरपूल तीन पॉइंट्स के साथ गेम से वापस कभी नहीं आती।


गेम के पहले क्लौप्प ने मिडफ़ील्ड को मजबूत करने के लिए केइटा की जगह हेंडरसन को स्टार्ट दिया था, इसके बावजूद मैनेजर को गेम में जरूरी कंट्रोल नहीं मिला। लिवरपूल की अटैकिंग तिकड़ी रोबर्टो फर्मिनो, सादियो माने और मोहम्मद सलाह के बीच भी आपसी तालमेल की कमी दिखी, वहीं मिडफ़ील्ड में भी कोई स्पार्क नहीं दिखा। 

ऊपर से एलिसन की गलती।


क्लौप्प ने पिछले हफ्ते कहा था कि सिर्फ जरूरत पड़ने पर ही वह गोलकीपर को ट्रिक्स करने की इज़ाज़त देंगे, लेकिन ब्राज़ीलियन नंबर-1 ने मैनेजर की नहीं सुनी। अच्छी बात यह है कि रेड्स के चार मैचों के बाद फुल पॉइंट्स हैं, बुरी बात यह है कि ऐसा ही प्रदर्शन रहा तो रेड्स की टाइटल उम्मीदों को झटका लग सकता है। 


3. लेस्टर को खली जेमी वार्डी की कमी 

Leicester City v Liverpool FC - Premier League

जेमी वार्डी ने इस हफ्ते इंग्लैंड नेशनल टीम को अलविदा कहा और अपना फोकस पूरी तरह क्लब फुटबॉल पर लगाने की बात कही। लिवरपूल के ख़िलाफ मुकाबले के लिए वह सस्पेंडेड थे और पिछले सीजन 23 गोल्स दागने वाले स्ट्राइकर को होम टीम ने काफी मिस किया।


ना सिर्फ वार्डी के गोल्स बल्कि वार्डी की बॉक्स में मौजूदगी, उनके रन्स, उनकी मूवमेंट। वार्डी की मौजूदगी से  लिवरपूल डिफेंस को और भी परेशानियां झेलनी पड़ती। वार्डी अपनी टीम के अटैक को पैनापन देते हैं और काउंटर-अटैक में उन्हें मजबूत बनाते हैं। उनके बिना, लेस्टर को अपने गेम में थोड़ा बदलाव करना पड़ा और फॉक्सेज़ ने अच्छा भी खेला लेकिन यह पॉइंट्स हासिल करने के लिए काफी साबित नहीं हुआ।